खराब से खराब सिबिल स्कोर वालों को भी मिल जाता है ये Credit Card, बैंक झट से देते है अप्रूवल
नई दिल्ली :- Credit Card की जरूरत और इस्तेमाल बीते कुछ वर्षों में तेजी से बढ़ा है. कई बार जब कोई जरूरी खरीदारी करना हो, लेकिन बैंक बैलेंस कम पड़ जाए तो क्रेडिट कार्ड की मदद से आप खरीदारी कर सकते हैं. अच्छी बात ये है कि Credit Card से खर्च की गई रकम को चुकाने के लिए ग्रेस पीरियड मिलता है, अगर आपने उस पीरियड के अंदर पैसा लौटा दिया तो आपको 1 रुपए का भी ब्याज नहीं देना पड़ता. इसके अलावा Credit Card पर तमाम रिवॉर्ड्स, ऑफर और डिस्काउंट भी मिल जाता है. इन सब फीचर्स के चलते ये तेजी से पॉपुलर हुआ है. लेकिन क्रेडिट कार्ड से खर्च की गई रकम एक तरह का लोन है. ऐसे में बैंक जब क्रेडिट कार्ड किसी ग्राहक को इश्यू करते हैं तो पहले उसका Cibil Score देखते हैं ताकि ये पता चल सके कि व्यक्ति के लोन की रिपेमेंट हिस्ट्री कैसी रही है. खराब क्रेडिट स्कोर वालों को कई बार बैंक क्रेडिट कार्ड देने से इनकार भी कर सकते हैं क्योंकि बैंक उसे भरोसेमंद नहीं मानते. अगर आपके साथ भी ऐसा कुछ हुआ है, तो आप सिक्योर्ड क्रेडिट कार्ड के लिए बैंक में अप्लाई कर सकते हैं. आपका क्रेडिट स्कोर कितना भी हो, बैंक झट से इसे अप्रूव कर देंगे.
क्या होता है सिक्योर्ड Credit Card?
जैसा कि सिक्योर्ड क्रेडिट कार्ड के नाम से ही स्पष्ट है कि ये कोलैटरल जमा के बदले में मिलने वाला कार्ड होता है. ये कार्ड फिक्स्ड डिपॉजिट के बदले में दिया जाता है यानी इस कार्ड को लेने के लिए बैंक में आपकी एफडी होना जरूरी है. ज्यादातर सिक्योर्ड कार्ड की लिमिट एफडी के 85 फीसदी तक रखी जाती है. जब तक कस्टमर्स की एफडी बैंक में रहती है, कार्ड यूजर इस क्रेडिट कार्ड को इस्तेमाल कर सकता है. लेकिन अगर सिक्योर्ड क्रेडिट कार्ड यूजर की तरफ से किसी भी कारण से क्रेडिट कार्ड बिल का पेमेंट निश्चित समय तक नहीं किया गया, तो बैंक के पास उसके फिक्स्ड डिपॉजिट अकाउंट को भुनाकर अपना कर्ज वसूल करने का अधिकार होता है. सिक्योर्ड क्रेडिट कार्ड उन लोगों के लिए बेहतर विकल्प है, जिनके क्रेडिट कार्ड की रिक्वेस्ट को किसी कारण से बैंक रिजेक्ट कर देती हैं. सिक्योर्ड क्रेडिट कार्ड पर रेगुलर क्रेडिट कार्ड की तरह डिस्काउंट, ऑफर्स, रिवार्ड वगैरह नहीं मिल पाते, लेकिन फिर भी कई मायनों में ये काफी फायदेमंद होता है.